हिन्दुस्तान मिरर न्यूज:
कम्प्यूटर सुरक्षा की चेतावनियों के बावजूद 2025 में भी दुनिया भर में लाखों लोग बेहद कमजोर पासवर्ड का इस्तेमाल कर रहे हैं। हालिया रिपोर्ट में पाया गया है कि सबसे आम पासवर्ड “123456” फिर शीर्ष पर है और इसे शामिल करके टॉप पासवर्ड सूची में कई नंबर-आधारित और आसान कॉम्बिनेशन जगह बनाए हुए हैं। रिपोर्ट ने दावा किया कि वास्तविक डेटा ब्रीच से लीक हुए दो बिलियन से अधिक पासवर्ड का विश्लेषण किया गया — और नतीजे चिंता पैदा करने वाले हैं।
विश्लेषण में यह भी सामने आया कि टॉप तीन पासवर्ड — 123456, 12345678 और 123456789 — लाखों अकाउंट्स में इस्तेमाल हुए थे। आम परिचित शब्द जैसे admin, password और 12345 भी शीर्ष दस में मौजूद हैं। रोचक बात यह है कि टॉप 1,000 पासवर्ड में से लगभग एक चौथाई सिर्फ संख्याओं पर आधारित थे, जबकि 38.6% में “123” सेक्वेंस शामिल था। कुछ यूजर थोड़े क्रिएटिव दिखे: “minecraft” लगभग 90,000 बार इस्तेमाल हुआ और “India@123” जैसे क्षेत्रीय पासवर्ड सूची में #53 पर आया — जो दर्शाता है कि स्थानीय पैटर्न भी डेटा सुरक्षा के लिए जोखिम बन रहे हैं।
एक्सपर्ट सलाह यह है कि पासवर्ड कम से कम 12 अक्षरों का और जटिल होना चाहिए—लंबाई बढ़ाने से पासवर्ड क्रैक होना काफी कठिन हो जाता है। पर रिपोर्ट के अनुसार 65.8% पासवर्ड 12 कैरेक्टर्स से कम लंबे थे, जिससे अकाउंट्स आसानी से हैकर्स के निशाने पर आते हैं।
Google ने भी यूजर्स को बार-बार सिक्योरिटी अपडेट और टू-फैक्टर ऑथेंटिकेशन (2FA) सक्रिय करने की चेतावनी दी है, लेकिन व्यवहारिक रूप से बहुत से लोग चेतावनियों का पालन नहीं कर रहे। विशेषज्ञ सुझाव देते हैं कि पासवर्ड मैनेजर का उपयोग, नियमित रूप से पासवर्ड बदलना और 2FA चालू रखना सबसे प्रभावी बचाव है। आने वाले दिनों में कंपनियों और यूजर्स दोनों के लिए जागरूकता बढ़ाना और आसान पासवर्ड पैटर्न से दूरी बनाना आवश्यक होगा, वरना व्यक्तिगत और पेशेवर दोनों तरह के अकाउंट्स पर बड़े पैमाने पर खतरा बना रहेगा।













