हिन्दुस्तान मिरर न्यूज:
औद्योगिक, कृषि और विकास प्रदर्शनी बनी आकर्षण का केंद्र, सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने मोहा मन

अलीगढ़, 16 जनवरी 2026
राजकीय औद्योगिक एवं कृषि प्रदर्शनी अलीगढ़ महोत्सव का गुरुवार को भव्य और गरिमामय शुभारंभ हुआ। प्रदेश सरकार में गन्ना विकास, चीनी मिलें एवं जनपद प्रभारी मंत्री श्री लक्ष्मी नारायण चौधरी ने मित्तल द्वार पर फीता काटकर, गुब्बारे तथा शांति के प्रतीक कबूतर उड़ाकर महोत्सव का विधिवत उद्घाटन किया। इस अवसर पर उन्होंने औद्योगिक, कृषि एवं विकास मंडप का भी उद्घाटन कर विभिन्न स्टालों का निरीक्षण किया।
ऐतिहासिक स्थलों पर श्रद्धांजलि और प्रदर्शनों का अवलोकन
उद्घाटन कार्यक्रम के दौरान प्रभारी मंत्री ने बारहद्वारी स्थित राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें नमन किया। दरबार हॉल में राष्ट्रगान एवं ध्वजारोहण के बाद कला वीथिका, विज्ञान प्रदर्शनी तथा “स्वाधीनता के समर में अलीगढ़” चित्र प्रदर्शनी का अवलोकन किया गया। इसके पश्चात नीरज-शहरयार पार्क स्थित शहीद स्तंभ पर माल्यार्पण कर शहीदों को श्रद्धासुमन अर्पित किए गए।

कृष्णांजलि नाट्यशाला में रंगारंग उद्घाटन समारोह
कृष्णांजलि नाट्यशाला में आयोजित मुख्य उद्घाटन समारोह में प्रभारी मंत्री सहित जनप्रतिनिधियों ने मां सरस्वती की प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्ज्वलन एवं माल्यार्पण कर अलीगढ़ की ऐतिहासिक प्रदर्शनी का विधिवत शुभारंभ किया। इसके बाद संगीता डांस एकेडमी की छात्राओं ने मनोहारी गणेश वंदना प्रस्तुत की। माधव शास्त्री, गीतांजलि शर्मा एवं उनकी टीम द्वारा कथक-फोक नृत्य के माध्यम से बरसाने की कुंज गलियों की जीवंत झलक दिखाई गई। मयूर नृत्य की आकर्षक प्रस्तुति ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया।

जिलाधिकारी का स्वागत और जनपदवासियों से अपील
जिलाधिकारी संजीव रंजन ने स्वागत भाषण में मुख्य अतिथि, जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों एवं गणमान्य अतिथियों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन ने बेहतर व्यवस्थाओं के साथ सुरक्षित और स्वस्थ मनोरंजन उपलब्ध कराने का प्रयास किया है तथा जनपदवासियों से पूरे महोत्सव का आनंद लेने की अपील की।
अलीगढ़ गंगा-जमुनी तहज़ीब का जीवंत प्रतीक : प्रभारी मंत्री

अपने प्रेरक संबोधन में प्रभारी मंत्री श्री लक्ष्मी नारायण चौधरी ने कहा कि अलीगढ़ गंगा-जमुनी तहज़ीब का जीवंत प्रतीक है, जो भारत की विविधता में एकता को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि अलीगढ़ और मेरठ की प्रदर्शनी का इतिहास सदियों पुराना है। समय के साथ प्रदर्शनी का स्वरूप बदला है—ऊंटगाड़ी और बैलगाड़ी के दौर से निकलकर आज यह ड्रोन, रोबोट, लेजर और आधुनिक तकनीक से जुड़ चुकी है।
उन्होंने मुख्यमंत्री की मंशा के अनुरूप ओडीओपी (वन डिस्ट्रिक्ट, वन प्रोडक्ट) की भूमिका पर प्रकाश डालते हुए कहा कि इससे न केवल स्थानीय उत्पादों की पहचान बढ़ती है, बल्कि विपणन और रोजगार के नए अवसर भी सृजित होते हैं। यह आयोजन केवल व्यापार नहीं, बल्कि संस्कृति, तहज़ीब और मनोरंजन का साझा मंच है।
महोत्सव जनसहभागिता का उत्सव : सांसद

अलीगढ़ के सांसद श्री सतीश गौतम ने कहा कि अलीगढ़ महोत्सव लगभग एक माह तक चलेगा और इसके सुव्यवस्थित आयोजन के लिए जिला एवं पुलिस प्रशासन प्रशंसा के पात्र हैं। उन्होंने कहा कि जनपदवासी पूरे वर्ष इस महोत्सव की प्रतीक्षा करते हैं।
हाथरस के सांसद श्री अनूप वाल्मीकि ने 1880 से शुरू हुई 147वीं प्रदर्शनी का उल्लेख करते हुए कहा कि यह आयोजन निरंतर परिवर्तन और प्रगति के साथ आगे बढ़ रहा है।
जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों की गरिमामय उपस्थिति

इस अवसर पर मा0 दर्जा प्राप्त राज्यमंत्री ठा0 रघुराज सिंह, वरिष्ठ भाजपा नेता आर0पी सिंह, मा0 अध्यक्ष जिला पंचायत श्रीमती विजय सिंह, मा0 विधायक इगलास श्री राजकुमार सहयोगी, मा0 विधायक खैर श्री सुरेन्द्र दिलेर, मा0 एमएलसी डा0 मानवेन्द्र प्रताप सिंह एवं प्रो0 तारिक मंसूर, मा0 महापौर श्री प्रशांत सिंघल, जिलाध्यक्ष श्री कृष्णपाल सिंह, जिलाध्यक्ष राष्ट्रीय लोकदल चौ0 हम्बीर सिंह, महानगर अध्यक्ष इंजी0 राजीव शर्मा, पूर्व विधायक श्रीमती रामसखी कठेरिया, जिला महामंत्री श्री शिवनारायण शर्मा, पूर्व महापौर श्री आशुतोष वार्ष्णेय, पूर्व जिलाध्यक्ष चौ0 देवराज सिंह, मानव महाजन, सुनील पाण्डेय, हरेन्द्र कुमार, अश्वनी कुमार, पुष्पेन्द्र कुमार, पुष्पेन्द्र पचौरी, विशाल बीडीके समेत मण्डलायुक्त श्रीमती संगीता सिंह, सीडीओ योगेन्द्र कुमार, एसडीएम कोल महिमा राजपूत, सीएमओ डा0 नीरज त्यागी, जे0सी इंडस्ट्रीज बीरेन्द्र कुमार, डीडी कृषि चौधरी अरूण कुमार, प्रदर्शनी बाबू अर्पित शर्मा समेत अन्य अधिकारीगण उपस्थित रहे।
अलीगढ़ महोत्सव एक बार फिर संस्कृति, विकास और लोक सहभागिता का उत्सव बनकर जनपदवासियों के आकर्षण का केंद्र बन गया है।
















