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अब तक 42 हजार से अधिक महिलाएं बनीं लखपति, जल्द 12 हजार और दीदियों को मिलेगा लाभ
अलीगढ़, 03 जुलाई 2025 ग्रामीण क्षेत्रों में महिलाओं को आत्मनिर्भर और आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के उद्देश्य से चलाई जा रही लखपति दीदी योजना के क्रियान्वयन को लेकर बुधवार को कलक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी संजीव रंजन की अध्यक्षता में अंतर्विभागीय समन्वय बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में योजना से संबंधित विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने भाग लिया और योजना की प्रगति एवं आगामी कार्ययोजना पर चर्चा की।
बैठक के दौरान जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि महिला स्वयं सहायता समूहों (SHGs) की आय बढ़ाकर उन्हें सालाना एक लाख रुपये से अधिक आय अर्जित करने वाली लखपति दीदी के रूप में स्थापित किया जाए। इसके लिए प्रशिक्षण, वित्तीय सहायता, तकनीकी सहयोग और बाजार उपलब्ध कराने की दिशा में सभी विभागों को समन्वित प्रयास करने होंगे।
अब तक 42347 दीदियां बनीं लखपति
जिला समन्वयक एनआरएलएम भालचंद त्रिपाठी ने बैठक में बताया कि जिले में कुल 75352 महिलाओं को योजना के तहत लखपति बनाना था, जिनमें से अब तक 42347 महिलाएं लखपति बन चुकी हैं। शेष महिलाओं के लिए कार्ययोजना तैयार की जा रही है और शीघ्र ही 12 हजार से अधिक दीदियों को लखपति की श्रेणी में शामिल किया जाएगा।
उन्होंने बताया कि जिले में अब तक 16653 स्वयं सहायता समूह (SHG) गठित किए गए हैं, जिनसे 177188 महिलाएं जुड़ी हैं। इनमें से 14389 SHG को रिवॉल्विंग फंड, 11355 को सामुदायिक निवेश निधि और 11680 को बैंक ऋण उपलब्ध कराया जा चुका है।
सखी मॉडल के तहत सशक्तिकरण की ओर कदम
बैठक में यह भी बताया गया कि योजना के तहत 510 विद्युत सखी, 420 बीसी सखी और 1570 दीदियों को एफपीओ (FPO) के माध्यम से लखपति बनाने का प्रयास किया जा रहा है। इसके साथ ही 192 उद्यम सखियों की तैनाती की जा रही है, जो ग्रामीण क्षेत्रों में अन्य महिलाओं को उद्यमिता से जोड़ने में सहायक बनेंगी।
कन्वर्जेंस मॉडल पर जोर
जिलाधिकारी ने कहा कि प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री की मंशा के अनुरूप सभी विभागों को एकीकृत रूप से कार्य करना होगा। विभागीय योजनाओं के कन्वर्जेंस से महिलाओं को न केवल आर्थिक सहायता मिलेगी, बल्कि उन्हें कौशल विकास और विपणन के अवसर भी मिल सकेंगे। उन्होंने सभी अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे ग्राम स्तर तक पहुंचकर SHG सदस्यों को योजना के प्रति जागरूक करें और समय-समय पर प्रशिक्षण व प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत करें।
बैठक में प्रमुख अधिकारी रहे मौजूद
बैठक में सीडीओ प्रखर कुमार सिंह, डीडीओ आलोक आर्या, सीएमओ डॉ. नीरज त्यागी, डीपीओ अजीत कुमार, सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता राजेन्द्र कुमार, उद्योग विभाग के सहायक आयुक्त राजमन विश्वकर्मा, सीवीओ डॉ. दिवाकर त्रिपाठी, एलडीएम राजेश सौनी, मत्स्य विभाग की सहायक निदेशक प्रियंका आर्या, कृषि उपनिदेशक अरुण कुमार, जिला मिशन प्रबंधक समीर शर्मा सहित अन्य विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
बैठक का मुख्य उद्देश्य महिला सशक्तिकरण के इस महत्वपूर्ण अभियान को गति देना और योजना को जमीनी स्तर पर प्रभावी बनाना रहा।