अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय में मानसिक स्वास्थ्य पर संवाद
अलीगढ़ में आयोजित “मानसिक स्वास्थ्य पर संवाद” कार्यक्रम में एसएसपी नीरज कुमार जादौन ने छात्रों के लिए समय प्रबंधन और अनुशासन को मानसिक मजबूती का आधार बताया। उन्होंने कहा कि नियमित दिनचर्या, पर्याप्त नींद और सकारात्मक आदतें तनाव कम कर एकाग्रता बढ़ाती हैं। कार्यक्रम विकारुल मुल्क हाल द्वारा विश्वविद्यालय पॉलिटेक्निक सभागार में आयोजित हुआ। मुख्य अतिथि मोहम्मद नफीस अहमद अंसारी ने सहानुभूति आधारित संवाद को सुरक्षित शिक्षण वातावरण के लिए जरूरी बताया। 500 से अधिक छात्रों ने भाग लेकर मानसिक स्वास्थ्य पर खुलकर चर्चा की।
एएमयू वैज्ञानिक का जलवायु-अनुकूल लोबिया शोध प्रस्तुत
एएमयू के डॉ. आमिर रैना ने आईसीसीआरए 2026 सम्मेलन में जलवायु-अनुकूल कृषि पर व्याख्यान दिया। सम्मेलन का आयोजन बनारस हिंदू विश्वविद्यालय के कृषि विज्ञान संस्थान द्वारा किया गया। डॉ. रैना ने उत्परिवर्तन प्रजनन तकनीक से विकसित लोबिया की उन्नत किस्मों पर शोध प्रस्तुत किया, जो जलवायु परिवर्तन के बीच बेहतर उत्पादन और पोषण प्रदान करती हैं। उन्होंने बताया कि उनकी टीम ने 11 उन्नत पंक्तियां विकसित की हैं। सम्मेलन में देश-विदेश के वैज्ञानिकों ने सतत कृषि नवाचार पर विचार साझा किए।
इस्तांबुल संगोष्ठी में एएमयू शोधार्थियों की भागीदारी
एएमयू के शोधार्थी उस्मान अली कागजगर और डॉ. इफ्तेखार अहमद अंसारी ने तुर्किये के इस्तांबुल में आयोजित अंतरराष्ट्रीय संगोष्ठी में संयुक्त शोधपत्र प्रस्तुत किया। कार्यक्रम बोआजीची विश्वविद्यालय में आयोजित हुआ। शोध में वक्फ संस्थानों की भूमिका और सतत विकास लक्ष्यों में उनके योगदान का विश्लेषण किया गया। विभागाध्यक्ष प्रो. मोहम्मद नफीस अंसारी ने इसे विश्वविद्यालय की वैश्विक पहचान का प्रमाण बताया।
मुंबई में राष्ट्रीय यूनानी सम्मेलन में एएमयू शिक्षकों का शोध
एएमयू के अजमल खां तिब्बिया कॉलेज के शिक्षकों ने मुंबई में आयोजित राष्ट्रीय यूनानी सम्मेलन में शोध प्रस्तुत किया। सम्मेलन केंद्रीय यूनानी चिकित्सा अनुसंधान परिषद द्वारा आयोजित था। प्रो. असिया सुल्ताना ने आहार और रक्त शर्करा नियंत्रण पर व्याख्यान दिया, जबकि प्रो. मोहम्मद अनवर ने दीर्घकालिक जोड़ रोगों में इलाज-बित-तदबीर की वैज्ञानिक समीक्षा प्रस्तुत की। विशेषज्ञों ने यूनानी पद्धति को आधुनिक मानकों से मजबूत करने पर बल दिया।
प्रख्यात नेत्र रोग विशेषज्ञ प्रो. नफीस अहमद का निधन
एएमयू ने नेत्र विज्ञान संस्थान के पूर्व निदेशक प्रो. नफीस अहमद के निधन पर शोक व्यक्त किया। 1942 में सीतापुर में जन्मे प्रो. अहमद ने 1972 में सेवा शुरू की और 2007 में सेवानिवृत्त हुए। वे 1991-92 में निदेशक रहे तथा शिक्षक संघ के अध्यक्ष भी चुने गए। सेवानिवृत्ति के बाद भी वे शिक्षा और सामाजिक कार्यों से जुड़े रहे। चिकित्सा संकाय में शोकसभा आयोजित कर दो मिनट का मौन रखा गया और परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की गई।














