एएमयू आरसीए में सिविल सेवा अभ्यर्थियों के लिए सुपर-30 प्रवेश परीक्षा आयोजित
अलीगढ़, 29 जनवरीः अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय की रेजिडेंशियल कोचिंग एकेडमी (आरसीए) द्वारा सिविल सेवा अभ्यर्थियों के लिए सुपर-30 प्रवेश परीक्षा एवं इंटरैक्शन कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें विश्वविद्यालय के विभिन्न संकायों के स्नातक स्तर के छात्रों ने बड़ी संख्या में भाग लिया। यह परीक्षा 30 मेधावी छात्रों के चयन हेतु आयोजित की गई, जिन्हें विशेष शैक्षणिक एवं मार्गदर्शन कार्यक्रम के तहत प्रशिक्षित किया जाएगा। परीक्षा के बाद आरसीए निदेशक प्रो. मोहम्मद हसन और सहायक निदेशक डॉ. मोहम्मद फिरोज अहमद ने छात्रों को अनुशासन, निरंतर अध्ययन और समसामयिक घटनाओं की जानकारी पर जोर दिया। यह पहल कुलपति प्रो. नइमा खातून की स्वीकृति से शुरू की गई है।
एएमयू छात्रा नौशीन परवीन को अंतरराष्ट्रीय एआई संगोष्ठी में बेस्ट पेपर अवार्ड
अलीगढ़, 29 जनवरीः अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय के इंटरडिसिप्लिनरी सेंटर फॉर आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की बी.टेक. (एआई) अंतिम वर्ष की छात्रा नौशीन परवीन को अंतरराष्ट्रीय संगोष्ठी में सर्वश्रेष्ठ शोध-पत्र प्रस्तुति पुरस्कार से सम्मानित किया गया। यह संगोष्ठी “एडवांसेज इन आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस एंड मशीन लर्निंग” विषय पर आयोजित हुई। उनका शोध-पत्र न केवल सत्र-3 में सर्वश्रेष्ठ रहा, बल्कि ओवरऑल बेस्ट पेपर भी चुना गया। नौशीन इंडियाएआई मिशन के तहत भारत सरकार की प्रतिष्ठित इंडियाएआई फेलोशिप के लिए चयनित पांच छात्राओं में भी शामिल हैं। समापन सत्र में शिक्षकों और उद्योग विशेषज्ञों ने शोध कार्यों की सराहना की।
जर्मन दूतावास में आयोजित टीयू डॉर्टमंड इंडिया गेटवे कार्यक्रम में एएमयू शिक्षक शामिल
अलीगढ़, 29 जनवरीः अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय के रसायन विज्ञान विभाग के सहायक प्रोफेसर डॉ. एम.डी. पलाशुद्दीन एसके ने नई दिल्ली स्थित जर्मन दूतावास में आयोजित टीयू डॉर्टमंड इंडिया गेटवे प्रोग्राम में भाग लिया। यह उच्च स्तरीय शैक्षणिक कार्यक्रम जर्मनी की टीयू डॉर्टमंड यूनिवर्सिटी और भारत के प्रमुख संस्थानों के बीच अकादमिक व शोध सहयोग को मजबूत करने के उद्देश्य से आयोजित किया गया। कार्यक्रम में अंतरराष्ट्रीय सहयोग, संयुक्त शोध परियोजनाओं और छात्र विनिमय जैसे विषयों पर विचार-विमर्श हुआ। डॉ. पलाशुद्दीन की भागीदारी से एएमयू की वैश्विक शैक्षणिक सक्रियता और अंतरराष्ट्रीय सहयोग की प्रतिबद्धता को बल मिला।
एसटीएस स्कूल में अंग्रेजी व हिंदी अंतर-विद्यालय वाद-विवाद प्रतियोगिता
अलीगढ़, 29 जनवरीः गणतंत्र दिवस समारोह के अंतर्गत एएमयू के एसटीएस (मिंटो सर्किल) स्कूल में अंग्रेजी एवं हिंदी अंतर-विद्यालय वाद-विवाद प्रतियोगिताएँ आयोजित की गईं। हिंदी वाद-विवाद का विषय डिजिटल युग में त्योहारों की मूल भावना से जुड़ा था, जबकि अंग्रेजी वाद-विवाद में तकनीक की भूमिका पर चर्चा हुई। छात्रों ने आत्मविश्वास और तार्किक तर्कों के साथ अपने विचार प्रस्तुत किए। हिंदी वर्ग में मयंक चौधरी प्रथम रहे, जबकि अंग्रेजी वर्ग में एएमयू गर्ल्स स्कूल की हिबा नासिर ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। प्राचार्य फैसल नफीस ने प्रतियोगिता को छात्रों के व्यक्तित्व विकास के लिए उपयोगी बताया।
एएमयू एबीके हाई स्कूल में अंतर-विद्यालय उर्दू वाद-विवाद प्रतियोगिता
अलीगढ़, 29 जनवरीः एएमयू के एबीके हाई स्कूल (ब्वायज) में गणतंत्र दिवस के अवसर पर अंतर-विद्यालय उर्दू वाद-विवाद प्रतियोगिता आयोजित की गई। विषय “जम्हूरियत के 75 साल बाद हिंदुस्तानी जम्हूरियत मजबूत या कमजोर” रहा। छात्रों ने उर्दू भाषा में प्रभावशाली और विचारोत्तेजक तर्क प्रस्तुत किए। प्रतियोगिता में आरएमपीएस एएमयू सिटी स्कूल के मोहम्मद अफ्फान ने प्रथम पुरस्कार जीता, जबकि एएमयू सिटी गर्ल्स स्कूल की हुमैरा द्वितीय रहीं। निर्णायक मंडल में उर्दू विभाग के वरिष्ठ शिक्षकों ने प्रतिभागियों की सराहना की और आयोजन को सफल बताया।
आईएसएनएएसी 2026 में एएमयू प्राध्यापक का आमंत्रित व्याख्यान
अलीगढ़, 29 जनवरीः अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय के एनेस्थीसियोलॉजी एवं क्रिटिकल केयर विभाग के प्रो. उबैद ए. सिद्दीकी ने आईएसएनएएसी 2026 के 27वें वार्षिक सम्मेलन में आमंत्रित वक्ता के रूप में व्याख्यान दिया। यह सम्मेलन एम्स, नागपुर में आयोजित हुआ। उन्होंने “एनेस्थीसिया ऐज अ थेरेपी फॉर डिप्रेशन” विषय पर बोलते हुए अवसाद के उपचार में एनेस्थेटिक दवाओं की उभरती भूमिका पर प्रकाश डाला। सम्मेलन में देश-विदेश के विशेषज्ञों ने भाग लिया। यह कार्यक्रम न्यूरोएनेस्थीसिया एवं क्रिटिकल केयर के क्षेत्र में नवीन शोध और विचारों के आदान-प्रदान का महत्वपूर्ण मंच बना।
एएमयू अहमदी स्कूल में स्मार्ट विजन ग्लास वितरण कार्यक्रम
अलीगढ़, 29 जनवरीः एएमयू के अहमदी स्कूल फॉर द विजुअली चैलेंज्ड में दृष्टिबाधित विद्यार्थियों के लिए स्मार्ट विजन ग्लास वितरण कार्यक्रम आयोजित किया गया। विजन-एड और डॉ. श्रॉफ चैरिटी आई हॉस्पिटल के सहयोग से कक्षा 7 से 10 तक के 30 छात्रों को एआई आधारित स्मार्ट चश्मे प्रदान किए गए। मुख्य अतिथि कुलपति प्रो. नइमा खातून ने कहा कि यह तकनीक विद्यार्थियों को आत्मनिर्भर बनने में सहायक है। विशेषज्ञों ने उपकरणों का प्रदर्शन किया। कार्यक्रम में छात्रों ने सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँ भी दीं, जिससे वातावरण भावनात्मक और प्रेरणादायक बन गया।
















