हिन्दुस्तान मिरर न्यूज:
सुपर-8 में भारत की सबसे बड़ी हार
टी20 वर्ल्ड कप 2026 में खिताब की प्रबल दावेदार मानी जा रही भारतीय टीम को सुपर-8 के पहले मुकाबले में करारी शिकस्त झेलनी पड़ी। India national cricket team को South Africa national cricket team ने 76 रन से हराया। यह टूर्नामेंट के इतिहास में भारत की रन के लिहाज से सबसे बड़ी हार रही। कप्तान Suryakumar Yadav की अगुवाई में टीम इंडिया सिर्फ 111 रन पर ऑलआउट हो गई, जबकि दक्षिण अफ्रीका ने 187 रन बनाए थे।
करो या मरो की स्थिति
ग्रुप स्टेज में लगातार चार जीत के बाद भारत ने शानदार शुरुआत की थी, लेकिन सुपर-8 की इस हार ने समीकरण बदल दिए हैं। सुपर-8 में हर टीम को तीन मैच खेलने हैं और भारत अपना पहला मुकाबला हार चुका है। अब टीम इंडिया को 26 फरवरी को जिम्बाब्वे और 1 मार्च को वेस्टइंडीज के खिलाफ होने वाले दोनों मैच हर हाल में जीतने होंगे। इन दोनों मुकाबलों में जीत से भारत के 4 अंक हो जाएंगे, जो सेमीफाइनल की उम्मीद जिंदा रखेंगे।
दूसरे नतीजों पर भी निर्भरता
सिर्फ दो जीत काफी नहीं होंगी। भारत को यह भी उम्मीद करनी होगी कि बाकी मुकाबलों में अन्य टीमें अंक गंवाएं। अगर दक्षिण अफ्रीका, वेस्टइंडीज और जिम्बाब्वे में से कोई दो टीमें दो-दो मैच हारती हैं तो भारत के लिए रास्ता आसान हो सकता है। ऐसी स्थिति में 4 अंकों के साथ भारत अंतिम चार में जगह बना सकता है।
नेट रनरेट बना सबसे बड़ा खतरा
अगर दो या तीन टीमें 4-4 अंकों पर रहती हैं तो फैसला नेट रनरेट (NRR) से होगा। 76 रन की हार के बाद भारत का NRR -3.800 हो गया है, जबकि दक्षिण अफ्रीका का +3.800 है। ऐसे में भारत को सिर्फ जीत ही नहीं, बल्कि बड़े अंतर से जीत दर्ज करनी होगी ताकि NRR सुधर सके।
अब टीम इंडिया के सामने साफ संदेश है—हर मैच फाइनल की तरह खेलना होगा। छोटी चूक भी टूर्नामेंट से बाहर का रास्ता दिखा सकती है।













