हिन्दुस्तान मिरर न्यूज़: 8 अप्रैल:लखनऊ,
लखनऊ, उत्तर प्रदेश की राजधानी में एक बड़े निवेश घोटाले का पर्दाफाश हुआ है। 13,500 करोड़ रुपये के डाटा सेंटर प्रोजेक्ट के नाम पर हुए घोटाले में “व्यू नाउ” नामक कंपनी का मेमोरेंडम ऑफ अंडरस्टैंडिंग (MOU) सरकार ने रद्द कर दिया है।
इस योजना के तहत 5G, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और बिग डाटा जैसे अत्याधुनिक तकनीकी क्षेत्रों में निवेश का दावा किया गया था। 2022 में तत्कालीन मुख्य सचिव (CS) की मौजूदगी में यह MOU साइन हुआ था।
प्रमुख आरोपी सुखविंदर सिंह खरोर ने निवेशकों से करीब 3600 करोड़ रुपये की ठगी की। उसने देश-विदेश में निवेश का झांसा देकर यह राशि इकट्ठा की थी। प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने कार्रवाई करते हुए खरोर को विदेश भागने से पहले गिरफ्तार कर लिया है।
















