हिन्दुस्तान मिरर न्यूज:
लोकसभा में शुक्रवार को नेशनल सिक्योरिटी सेस बिल 2025 पास हो गया, जिसके बाद सिगरेट, पान मसाला और तंबाकू से जुड़े अन्य उत्पादों की कीमतें बढ़ना तय है। संसद के शीतकालीन सत्र में दो दिनों तक चली विस्तृत बहस के बाद इस बिल को मंजूरी दी गई। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने सदन को बताया कि इस सेस से प्राप्त राशि को राष्ट्रीय सुरक्षा को मजबूत करने में खर्च किया जाएगा। उनका कहना था कि भविष्य की हाईटेक वारफेयर—स्पेस एसेट्स, साइबर ऑपरेशन और आधुनिक सैन्य उपकरण—उन क्षेत्रों में भारी निवेश की आवश्यकता है, जिनमें अभी भी सुधार की जरूरत है।

वित्त मंत्री ने कारगिल युद्ध का उदाहरण देते हुए कहा कि 1990 के दशक में बजट की कमी की वजह से भारतीय सेना के पास केवल 70–80 प्रतिशत ही अधिकृत हथियार और गोला-बारूद उपलब्ध थे। तैयारियों की यही कमी उस युद्ध में नुकसान का कारण बनी। उन्होंने कहा कि सरकार इस स्थिति को दोबारा होने से रोकने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। इस सेस से न केवल राष्ट्रीय सुरक्षा को मजबूती मिलेगी, बल्कि देश के पब्लिक हेल्थ इंफ्रास्ट्रक्चर में भी सुधार होगा, क्योंकि तंबाकू उत्पादों के बढ़ते उपयोग से जुड़ी स्वास्थ्य चुनौतियों पर अंकुश लगाने में यह आर्थिक संसाधन मददगार साबित होंगे।
बिल का विपक्ष ने विरोध किया। सांसद हनुमान बेनीवाल और अन्य विपक्षी सदस्यों ने बिल को वापस लेने की मांग की। उन्होंने तर्क दिया कि सरकार पान मसाला और सिगरेट महंगे तो कर रही है, लेकिन इनके विज्ञापनों में बड़े सेलेब्रिटी प्रचार कर रहे हैं—सरकार इस पर रोक क्यों नहीं लगाती? जवाब में वित्त मंत्री ने कहा कि ऑपरेशन सिंदूर में तीनों सेनाओं ने उत्कृष्ट प्रदर्शन किया, जिससे यह स्पष्ट होता है कि आधुनिक युद्ध के लिए अतिरिक्त संसाधनों की जरूरत है। उन्होंने कहा कि यह सेस सीधे नागरिकों की सुरक्षा और देश की रणनीतिक क्षमताओं को बढ़ाने में उपयोग किया जाएगा।
बिल पास होने के साथ ही तंबाकू आधारित उत्पादों के दाम निकट भविष्य में बढ़ जाएंगे, जिससे सरकार को सुरक्षा क्षेत्र में अतिरिक्त फंडिंग मिल पाएगी।













