CBFC के आदेश पर उठे सवाल, राहुल गांधी ने BJP-RSS को घेरा
हिन्दुस्तान मिरर न्यूज़: 12अप्रैल: 2025,
कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने फिल्म ‘फुले’ के कुछ दृश्यों को हटाने के केंद्रीय फिल्म प्रमाणन बोर्ड (CBFC) के आदेश को लेकर भारतीय जनता पार्टी (BJP) और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया कि ये संगठन दलित-बहुजन इतिहास को मिटाना चाहते हैं ताकि जातीय भेदभाव की सच्चाई को सामने न आने दिया जाए।
राहुल गांधी ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर पोस्ट करते हुए लिखा, “भाजपा-आरएसएस के नेता एक तरफ फुले को दिखावटी श्रद्धांजलि देते हैं और दूसरी तरफ उनके जीवन पर बनी फिल्म को सेंसर कर रहे हैं। महात्मा फुले और सावित्रीबाई फुले ने जातिवाद के खिलाफ अपना पूरा जीवन समर्पित किया, लेकिन सरकार उस संघर्ष और ऐतिहासिक सच्चाई को पर्दे पर नहीं आने देना चाहती।”
‘फुले’ फिल्म से जातिवाद से जुड़े दृश्य हटाने के निर्देश
फिल्म ‘फुले’, जो समाज सुधारक ज्योतिराव फुले और सावित्रीबाई फुले के जीवन और उनके जातिवाद व लिंगभेद के खिलाफ संघर्ष पर आधारित है, को CBFC द्वारा कुछ दृश्यों को हटाने के निर्देश दिए गए हैं। इन दृश्यों में जाति से जुड़े शब्द और संदर्भ शामिल हैं। फिल्म आज ज्योतिराव फुले की जयंती के अवसर पर रिलीज होनी थी।
प्रकाश आंबेडकर का विरोध प्रदर्शन
इस मुद्दे पर वंचित बहुजन आघाड़ी (VBA) के अध्यक्ष प्रकाश आंबेडकर ने भी CBFC के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया। उन्होंने कहा कि अगर फिल्म से ये दृश्य हटा दिए गए तो इसका मूल उद्देश्य ही खत्म हो जाएगा। फिल्म का निर्देशन अनंत महादेवन ने किया है, जिसमें प्रतीक बब्बर और पत्रलेखा ने प्रमुख भूमिकाएं निभाई हैं।
रोजगार प्रोत्साहन योजना सिर्फ एक ‘जुमला’: राहुल गांधी का आरोप
केंद्र सरकार की ‘रोजगार प्रोत्साहन योजना’ (ELI) पर भी राहुल गांधी ने हमला बोला। उन्होंने कहा, “योजना की घोषणा को एक साल हो गया है, लेकिन अब तक इसे परिभाषित तक नहीं किया गया है। सरकार ने इसके लिए आवंटित ₹10,000 करोड़ भी वापस ले लिए हैं।” उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर निशाना साधते हुए कहा कि इससे यह साफ है कि वे बेरोजगारी के मुद्दे को लेकर कितने गंभीर हैं।

















