अलीगढ़, 30 सितम्बर 2025 :
जिलाधिकारी ने जानकारी दी कि माननीय मुख्यमंत्री द्वारा “विकसित भारत-विकसित उत्तर प्रदेश 2047 : समृद्धि का शताब्दी पर्व महाअभियान” के अंतर्गत प्रदेश की भावी रणनीति तैयार की जा रही है। इस अभियान का लक्ष्य वर्ष 2047 तक उत्तर प्रदेश को आत्मनिर्भर और देश का अग्रणी राज्य बनाना है। इसके लिए शासन ने अर्थ शक्ति, सृजन शक्ति और जीवन शक्ति जैसे तीन प्रमुख थीम पर आधारित 12 महत्वपूर्ण सेक्टर निर्धारित किए हैं। इनमें कृषि, पशुधन संरक्षण, औद्योगिक विकास, आईटी एवं उभरती तकनीक, पर्यटन, नगर व ग्राम्य विकास, अवस्थापना, समाज कल्याण, स्वास्थ्य, शिक्षा और सुरक्षा व सुशासन जैसे क्षेत्र शामिल हैं।
मुख्यमंत्री ने हाल ही में प्रदेश के सभी नगरीय निकायों के निर्वाचित अध्यक्षों और सदस्यों के साथ संवाद किया और उनसे आय बढ़ाने के सार्थक प्रयास करने की अपेक्षा जताई, ताकि नगरीय निकाय आत्मनिर्भर बन सकें। जिलाधिकारी ने आमजन और प्रबुद्धजनों से अपील की कि वे विकसित उत्तर प्रदेश के लक्ष्य को पाने में अपने बहुमूल्य सुझाव अवश्य दें।
मुख्य विकास अधिकारी प्रखर कुमार सिंह ने कहा कि इस महाअभियान की सफलता में जनप्रतिनिधियों की भूमिका सबसे अहम है। लोकतंत्र की प्रथम पंक्ति के प्रतिनिधि होने के नाते अध्यक्ष, सभासद और ब्लॉक प्रमुख अपने-अपने स्तर पर सम्मेलन आयोजित कर विशेषज्ञों से परामर्श लें और व्यापक जनसहभागिता सुनिश्चित करें। उन्होंने बताया कि सभी नगरीय निकायों की बोर्ड बैठक में विकसित उत्तर प्रदेश 2047 की पुस्तिका के आधार पर प्रस्ताव पारित किए जाएंगे।
सीडीओ ने कहा कि मुख्यमंत्री द्वारा चलाए गए सुझाव आमंत्रण अभियान में नागरिक समर्थ पोर्टल या क्यूआर कोड के माध्यम से अपने विचार साझा कर सकते हैं। उन्होंने बताया कि अन्य जिलों से 50 से 90 हजार तक सुझाव प्राप्त हो चुके हैं, जबकि अलीगढ़ जिले में यह संख्या अभी केवल 21 हजार तक पहुंची है। उन्होंने अपील की कि जिले के लोग अधिक से अधिक संख्या में अपने सुझाव साझा करें और 2047 तक उत्तर प्रदेश को विकसित प्रदेश बनाने में सक्रिय योगदान दें।















