• Home
  • Delhi
  • ट्विशा शर्मा मौत मामला: CBI की रडार पर रिटायर्ड जज गिरिबाला सिंह, 54 मिनट के रहस्य से खुल सकते हैं कई बड़े राज
Image

ट्विशा शर्मा मौत मामला: CBI की रडार पर रिटायर्ड जज गिरिबाला सिंह, 54 मिनट के रहस्य से खुल सकते हैं कई बड़े राज

हिन्दुस्तान मिरर न्यूज़

14 तीखे सवालों के जरिए CBI तलाश रही सच, डिजिटल सबूतों और CCTV टाइमलाइन की हो रही गहन जांच

भोपाल के चर्चित ट्विशा शर्मा मौत मामले में जांच अब निर्णायक मोड़ पर पहुंचती दिखाई दे रही है। केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) ने इस मामले में रिटायर्ड जज गिरिबाला सिंह को गिरफ्तार कर पांच दिन की रिमांड पर लिया है। एजेंसी लगातार पूछताछ कर घटना से जुड़े हर पहलू की तह तक पहुंचने का प्रयास कर रही है। CBI का मुख्य फोकस उन 54 मिनटों पर है, जिनके दौरान ट्विशा शर्मा की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हुई थी।

गिरफ्तारी के बाद तेज हुई पूछताछ

जानकारी के अनुसार, ट्विशा की मौत के बाद दर्ज हुए मामले में गिरिबाला सिंह ने जिला अदालत से अग्रिम जमानत हासिल कर ली थी। हालांकि बाद में जबलपुर हाईकोर्ट ने जमानत निरस्त कर दी। इसके बाद 28 मई को CBI की टीम कटारा हिल्स स्थित उनके आवास पहुंची और करीब पांच घंटे की पूछताछ के बाद उन्हें गिरफ्तार कर लिया।

CBI के 14 अहम सवाल

पूछताछ के दौरान एजेंसी ने गिरिबाला सिंह से कई महत्वपूर्ण प्रश्न पूछे। इनमें ट्विशा की मौत की जानकारी कब मिली, पुलिस को सूचना कब दी गई, घटना के बाद क्या कदम उठाए गए, समर्थ सिंह से संपर्क रहा या नहीं, CCTV कैमरों का समय वास्तविक समय से दो घंटे 20 मिनट पीछे क्यों चल रहा था, टेक्नीशियन को घटना के बाद क्यों बुलाया गया तथा सबसे पहले घटनास्थल पर कौन पहुंचा जैसे सवाल शामिल हैं।

इसके अलावा CBI यह भी जानना चाहती है कि क्या घटना के बाद किसी डिजिटल रिकॉर्ड, CCTV फुटेज या अन्य इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों में किसी प्रकार का बदलाव किया गया था।

54 मिनट की टाइमलाइन बनी जांच का केंद्र

CBI की जांच का सबसे अहम हिस्सा रात 9:41 बजे से 10:35 बजे के बीच का समय है। FIR के अनुसार, रात 9:41 बजे ट्विशा अपने परिजनों से फोन पर बात कर रही थीं। इसी दौरान कथित तौर पर पीछे से समर्थ सिंह की चिल्लाने की आवाज सुनाई दी थी। इसके बाद जब रात 10:35 बजे परिजनों ने दोबारा फोन किया तो गिरिबाला सिंह ने कथित रूप से कहा, “She is no more.”

यही 54 मिनट अब जांच एजेंसी के लिए सबसे महत्वपूर्ण कड़ी बन गए हैं। एजेंसी यह पता लगाने में जुटी है कि यह आत्महत्या थी या फिर किसी साजिश का हिस्सा।

‘वर्चुअल टनल व्यू’ तकनीक से होगी पड़ताल

CBI ने जांच में आधुनिक तकनीक का सहारा लिया है। एजेंसी घर के भीतर हुई गतिविधियों को डिजिटल रूप से पुनर्निर्मित करने के लिए ‘वर्चुअल टनल व्यू’ तकनीक का उपयोग कर रही है। CCTV फुटेज, मोबाइल डेटा, वाई-फाई लॉग, कॉल डिटेल रिकॉर्ड और फॉरेंसिक मैपिंग को जोड़कर एक डिजिटल मॉडल तैयार किया जा रहा है।

इस तकनीक की मदद से तीन मंजिला मकान में घटना के समय कौन व्यक्ति कहां मौजूद था और उसकी गतिविधियां क्या थीं, इसका मिनट-दर-मिनट विश्लेषण किया जाएगा।

आमने-सामने पूछताछ से खुल सकते हैं नए तथ्य

सूत्रों के मुताबिक, CBI जल्द ही गिरिबाला सिंह और समर्थ सिंह को आमने-सामने बैठाकर पूछताछ कर सकती है। एजेंसी को उम्मीद है कि इससे बयानों में मौजूद विरोधाभास सामने आएंगे और मामले से जुड़े कई अहम तथ्य उजागर होंगे। फिलहाल पूरे देश की नजर इस हाई-प्रोफाइल मामले की जांच पर टिकी हुई है।

Releated Posts

दिल्ली-NCR में जहरीली हवा पर अलर्ट, GRAP-1 लागू; प्रदूषण रोकने के लिए बढ़ेंगी पाबंदियां

AQI 244 के पार पहुंचने से बढ़ी चिंता, निर्माण स्थलों पर धूल नियंत्रण से लेकर वाहनों की जांच…

ByByHindustan Mirror News Oct 21, 2026

कोलकाता भगदड़: छाती पर दबाव, टूटी पसलियां और दम घुटने से गई 19 लोगों की जान

पोस्टमार्टम रिपोर्ट में हुआ खुलासा, बच्चों समेत छह की मौत दम घुटने से हुई; सिर पर गंभीर चोट…

ByByHindustan Mirror News Oct 19, 2026

टाइगर श्रॉफ फायरिंग केस में अहम सुराग, हमलावरों की बाइक जब्त

फायरिंग के बाद विलेपार्ले स्टेशन के पास बाइक छोड़कर लोकल ट्रेन से भागे आरोपी, मुंबई पुलिस की 15…

ByByHindustan Mirror News Oct 19, 2026

RSS की रैलियों को अनुमति नहीं देने पर हाईकोर्ट की विजय सरकार को फटकार

तमिलनाडु में RSS की रैलियों पर रोक का मामला हाई कोर्ट पहुंचा याचिकाकर्ता ने पुराने अदालती आदेशों का…

ByByHindustan Mirror News Oct 15, 2026

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *