फरीदाबाद में बड़ा हादसा, मेला ग्राउंड कराया गया खाली
हरियाणा के फरीदाबाद स्थित विश्वप्रसिद्ध सूरजकुंड मेले में शनिवार शाम एक बड़ा हादसा हो गया, जब ‘सुनामी’ नामक झूला अचानक टूटकर गिर पड़ा। इस दुर्घटना में एक पुलिस इंस्पेक्टर की मौत हो गई, जबकि 13 लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसे के वक्त झूले पर कुल 18 लोग सवार थे, जिनमें से पांच लोगों को सुरक्षित निकाल लिया गया था।

क्या है ‘सुनामी झूला’
‘सुनामी’ झूला मेलों और अम्यूजमेंट पार्कों में लगने वाला एक अत्यधिक रोमांचक मैकेनिकल राइड है। यह झूला 360 डिग्री घूमता है और लोगों को ऊपर-नीचे तेज गति से घुमाता है, जिससे यात्रियों को झटके और तेज रोमांच का अनुभव होता है। इसकी रफ्तार और अचानक दिशा परिवर्तन के कारण इसे खतरनाक श्रेणी के झूलों में गिना जाता है। आम तौर पर इसमें सुरक्षा बेल्ट और लॉकिंग सिस्टम लगे होते हैं।
कैसे हुआ हादसा
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, झूला ऊपर जाकर अचानक अटक गया था। झूले में बैठे लोगों में चीख-पुकार मच गई और मौके पर मौजूद पुलिस व प्रशासन के लोग यात्रियों को उतारने लगे। करीब पांच लोगों को नीचे उतारा जा चुका था, तभी झूला अचानक फिर से चलने लगा और संतुलन बिगड़ने के बाद टूटकर नीचे गिर गया। इसी दौरान पास मौजूद एक पुलिस इंस्पेक्टर झूले की चपेट में आ गए। उन्हें अन्य घायलों के साथ अस्पताल ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई।
प्रशासन और सरकार की प्रतिक्रिया
हादसे की सूचना मिलते ही जिला प्रशासन मौके पर पहुंचा और मेला ग्राउंड को खाली कराने के निर्देश दिए गए। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने घटना पर दुख जताते हुए मृतक के परिजनों के प्रति संवेदना व्यक्त की और घायलों के बेहतर इलाज के निर्देश दिए। सरकार ने हादसे की जांच के आदेश दे दिए हैं और सुरक्षा मानकों की समीक्षा की जा रही है।
सुरक्षा पर सवाल
इस हादसे ने मेलों और अस्थायी अम्यूजमेंट राइड्स की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि ऐसे झूलों की नियमित तकनीकी जांच और प्रमाणन बेहद जरूरी है, ताकि भविष्य में इस तरह की दुर्घटनाओं से बचा जा सके।













