हिन्दुस्तान मिरर न्यूज:
बिहार में नई एनडीए सरकार के गठन के बाद विभागों का बंटवारा सामने आ गया है और इस बार कई अहम बदलाव देखने को मिले हैं। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने 10वीं बार मुख्यमंत्री पद की शपथ लेने के बाद शुक्रवार को मंत्रालयों का आवंटन किया। सबसे बड़ी और ऐतिहासिक बात यह रही कि 20 साल में पहली बार नीतीश कुमार ने राज्य का सबसे महत्वपूर्ण गृह विभाग अपने पास नहीं रखा है। यह विभाग अब बीजेपी कोटे से आने वाले डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी को सौंपा गया है।

सम्राट चौधरी अब बिहार में कानून-व्यवस्था, आंतरिक सुरक्षा और प्रशासनिक नियंत्रण की कमान संभालेंगे। इसे बीजेपी के बढ़ते प्रभाव और गठबंधन के भीतर नई शक्ति-संतुलन व्यवस्था के रूप में देखा जा रहा है। दूसरी ओर, डिप्टी सीएम विजय कुमार सिन्हा को भूमि एवं राजस्व विभाग के साथ खान एवं भूतत्व विभाग दिया गया है, जो राज्य के संसाधन प्रबंधन की दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण है।
बीजेपी के वरिष्ठ नेता रामकृपाल यादव को कृषि विभाग की जिम्मेदारी सौंपी गई है। यह विभाग सरकार के प्रमुख मंत्रालयों में से एक माना जाता है, क्योंकि राज्य की बड़ी आबादी कृषि पर निर्भर है। नई जिम्मेदारी मिलने के बाद यह देखना अहम होगा कि वे राज्य में कृषि सुधार और किसानों को राहत देने के लिए कौन-कौन से कदम उठाते हैं।
गुरुवार को हुए शपथ ग्रहण समारोह में कुल 26 मंत्रियों ने शपथ ली थी। फिलहाल 18 मंत्रियों को विभागों का आवंटन कर दिया गया है, जबकि बाकी मंत्रियों के विभागों की घोषणा जल्द होने की संभावना है। बिहार की नई कैबिनेट से जनता को उम्मीद है कि यह सरकार बेहतर समन्वय के साथ विकास के मुद्दों पर तेजी से काम करेगी और राज्य को नई दिशा देगी।

















