हिन्दुस्तान मिरर न्यूज़ :
नए साल की पार्टी में चली गोली से महिला डॉक्टर की हुई थी मौत
नई दिल्ली। बिहार के साहेबगंज से बीजेपी विधायक राजू कुमार सिंह को दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट ने हर्ष फायरिंग के एक चर्चित मामले में चार वर्ष के कठोर कारावास और 25 लाख रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई है। यह मामला दिल्ली के वसंत कुंज स्थित एक फार्महाउस में नए साल की पूर्व संध्या पर आयोजित पार्टी के दौरान हुई फायरिंग से जुड़ा है, जिसमें महिला डॉक्टर अर्चना गुप्ता की गोली लगने से मौत हो गई थी।
कोर्ट ने गैर-इरादतन हत्या का माना दोषी
स्पेशल जज विशाल गोगने ने 6 जून को राजू सिंह को भारतीय दंड संहिता की धारा 304 (भाग-II) के तहत गैर-इरादतन हत्या तथा आर्म्स एक्ट की धारा 30 के तहत दोषी ठहराया था। अदालत ने माना कि डॉक्टर अर्चना गुप्ता की मौत विधायक द्वारा चलाई गई गोली से हुई। सजा सुनाए जाने के बाद राजू सिंह को तत्काल न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। वह फरवरी 2019 से इस मामले में जमानत पर थे।
‘वैज्ञानिक जानकारी की कमी’ का दिया तर्क
सजा पर बहस के दौरान विधायक की ओर से अदालत में दलील दी गई कि उन्होंने गोली किसी को निशाना बनाकर नहीं चलाई थी। बचाव पक्ष ने कहा कि “वैज्ञानिक जानकारी की कमी” के कारण वे गोली के पैराबोलिक पथ का सही अनुमान नहीं लगा सके। वकीलों ने यह भी तर्क दिया कि घटना दुर्भाग्यपूर्ण थी, लेकिन इसके पीछे किसी की हत्या करने का इरादा नहीं था। उन्होंने प्रोबेशन ऑफ ऑफेंडर्स एक्ट के तहत राहत देने और दो वर्ष से कम सजा पर विचार करने की अपील भी की।
पत्नी समेत दो अन्य आरोपों से बरी
अदालत ने इस मामले में राजू सिंह की पत्नी रेनू सिंह और दो अन्य आरोपियों को सबूत मिटाने के आरोप से बरी कर दिया। कोर्ट ने कहा कि उनके खिलाफ आरोप सिद्ध करने के लिए पर्याप्त साक्ष्य उपलब्ध नहीं हैं।
राजू सिंह की ओर से यह भी कहा गया कि उनके खिलाफ दर्ज अन्य मामले राजनीतिक विरोधियों की शिकायतों पर आधारित हैं और किसी भी मामले में हथियारों के दुरुपयोग का आरोप सिद्ध नहीं हुआ है। हालांकि अदालत ने सभी पक्षों की दलीलें सुनने के बाद चार साल की सजा और 25 लाख रुपये के जुर्माने का फैसला सुनाया।













