• Home
  • Delhi
  • अगर हमास ने हथियार नहीं छोड़े और अपने वादों को पूरा नहीं किया तो उसका अंत तय है-ट्रंप
Image

अगर हमास ने हथियार नहीं छोड़े और अपने वादों को पूरा नहीं किया तो उसका अंत तय है-ट्रंप

हिन्दुस्तान मिरर न्यूज:
अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने स्विट्जरलैंड के दावोस में आयोजित वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम के दौरान ‘बोर्ड ऑफ पीस चार्टर’ में भाग लिया और इस पर हस्ताक्षर किए। इस बोर्ड का मुख्य उद्देश्य अंतरराष्ट्रीय संघर्षों का समाधान निकालना और वैश्विक स्तर पर शांति की स्थापना करना है। ट्रंप ने मंच से दावा किया कि इस बोर्ड का हिस्सा बनने की इच्छा लगभग हर देश की है और यह पहल सफलतापूर्वक आगे बढ़ रही है।

क्या है बोर्ड ऑफ पीस?

बोर्ड ऑफ पीस एक अंतरराष्ट्रीय मंच है, जिसका गठन संघर्षग्रस्त क्षेत्रों में शांति स्थापित करने के लिए किया गया है। इस बोर्ड का स्थायी सदस्य बनने के लिए एक अरब डॉलर (लगभग 8,300 करोड़ रुपये) का शुल्क तय किया गया है। ट्रंप के अनुसार, यह बोर्ड वैश्विक कूटनीति में एक नई दिशा तय करेगा और बड़े संघर्षों को समाप्त करने में अहम भूमिका निभाएगा।

मिडिल ईस्ट को लेकर ट्रंप का बड़ा दावा

डोनाल्ड ट्रंप ने कहा, “यह हमारी सबसे महत्वपूर्ण बैठकों में से एक है, जिसे बोर्ड ऑफ पीस के नाम से जाना जाता है। यह गाजा पीस बोर्ड के आधिकारिक गठन का मौका है। मिडिल ईस्ट में शांति स्थापित हो चुकी है। किसी ने नहीं सोचा था कि ऐसा संभव होगा।”
उन्होंने आगे कहा कि उनकी पहल से अब तक आठ युद्ध रुकवाए जा चुके हैं और एक और युद्ध जल्द समाप्त होने की उम्मीद है। ट्रंप ने यूक्रेन-रूस युद्ध का जिक्र करते हुए कहा कि पिछले महीने इसमें 29 हजार लोग मारे गए, जिनमें अधिकतर सैनिक थे।

हमास को ट्रंप की चेतावनी

फोरम के दौरान ट्रंप ने हमास को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा कि अगर संगठन ने हथियार नहीं छोड़े और अपने वादों को पूरा नहीं किया तो उसका अंत तय है। उन्होंने कहा कि हमास हिंसा के साथ पैदा हुआ है और अब शांति का रास्ता चुनना ही उसका एकमात्र विकल्प है। ट्रंप ने दावा किया कि इस शांति पहल में 59 देश शामिल हो रहे हैं, जिससे बोर्ड को अंतरराष्ट्रीय समर्थन मिल रहा है।

अमेरिकी विदेश मंत्री की प्रतिक्रिया

अमेरिका के विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने भी दावोस में शांति बोर्ड सम्मेलन पर प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि राष्ट्रपति ट्रंप शांति के लिए किसी से भी बातचीत करने को तैयार हैं। रुबियो ने गाजा में बंधक बनाए गए लोगों का जिक्र करते हुए कहा कि पहले किसी को उम्मीद नहीं थी कि इस समस्या का कोई समाधान निकल पाएगा, लेकिन अब रास्ते खुलते दिख रहे हैं।

Releated Posts

दिल्ली में टीम इंडिया की प्लेइंग 11 में बदलाव तय, सूर्या के सामने बड़े फैसले की चुनौती

हिन्दुस्तान मिरर न्यूज: IND vs NAM: 12 फरवरी को अरुण जेटली स्टेडियम में होगा मुकाबलाटी20 वर्ल्ड कप 2026…

ByByHindustan Mirror News Feb 11, 2026

रूस की जगह अमेरिका और वेनेजुएला से तेल खरीदने पर जोर, सरकार ने रिफाइनरियों को दिए संकेत

हिन्दुस्तान मिरर न्यूज: नई ट्रेड डील के बाद रणनीति में बदलावभारत सरकार ने अपनी सरकारी तेल रिफाइनर कंपनियों…

ByByHindustan Mirror News Feb 11, 2026

लोकसभा में राहुल गांधी का हमला: ‘अमेरिका से व्यापार समझौते में सरकार ने देश बेच दिया’

व्यापार समझौते और डेटा सुरक्षा पर उठाए सवाल लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने भारत-अमेरिका व्यापार समझौते…

ByByHindustan Mirror News Feb 11, 2026

एपस्टीन फाइल पर घमासान: राहुल गांधी के आरोपों पर भड़के केंद्रीय मंत्री हरदीप पुरी

हिन्दुस्तान मिरर न्यूज: संसद में नाम आने पर दी सफाईकेंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने कांग्रेस सांसद राहुल…

ByByHindustan Mirror News Feb 11, 2026

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to Top