अलीगढ़ क्लब के चुनाव को लेकर गरमी बढ़ गई है। गुरुवार को कई सदस्यों ने आरोप लगाया कि चुनाव में इस्तेमाल होने वाले मतपत्र मनमाफिक तरीके से तैयार किए गए हैं। उनका कहना था कि कुछ उम्मीदवारों की मौजूदगी में ही मतपत्र का प्रारूप बना दिया गया, जबकि सभी 18 प्रत्याशियों की सहमति नहीं ली गई। इस मामले को प्रशासन के संज्ञान में लाने के बाद कलक्ट्रेट सभागार में सभी प्रत्याशियों की मौजूदगी में नामों की पर्ची डाली गई। शाम सात बजे निकाली गई पर्चियों के आधार पर मतपत्र में उम्मीदवारों के नामों का क्रम तय किया गया।
अब मतपत्र में नाम इस क्रम से आएंगे – डॉ. जयंत शर्मा, आलोक अग्रवाल, नवनीत कुमार वार्ष्णेय, महक सिंघल, आशु चान्ना, विनीत जैन, अखिल अग्रवाल, मनोज कुमार सीएल, आलोक गौड़, कृष्ण कुमार गुप्ता, विकास जैन, निर्तिन मित्तल, राजीव कुमार, मानव फुलर, राहुल वर्मा, विनीष वार्ष्णेय, पीयूष अग्रवाल और विमल अग्रवाल। चुनाव अधिकारी के नाम से आधिकारिक मतपत्र भी जारी कर दिया गया है।
अलीगढ़ क्लब का चुनाव 14 सितंबर को होगा। चार पदों पर पदाधिकारी निर्विरोध चुने जा चुके हैं, जबकि 12 कार्यकारिणी सदस्य पदों के लिए 18 उम्मीदवार मैदान में हैं। इस बीच चुनावी माहौल सोशल मीडिया तक पहुंच गया है। उम्मीदवारों और उनके समर्थकों ने व्हाट्सएप ग्रुप बनाकर वोट की अपील शुरू कर दी है। कई संदेशों में क्लब में बदलाव और नई शुरुआत की बातें की जा रही हैं, जबकि कुछ संदेश तीखी राजनीतिक टिप्पणियों से भरे हुए हैं।
इस विवाद और सोशल मीडिया की बहसों के बीच अलीगढ़ क्लब का चुनाव और भी रोचक हो गया है।













