Aligarh:अतरौली। स्थानीय स्वास्थ्य सेवाओं और चिकित्सकों की मुस्तैदी ने एक बार फिर इंसानियत की मिसाल पेश की है। अतरौली के 100 बेड अस्पताल में डॉक्टरों की टीम ने समय रहते इलाज कर एक गंभीर हार्ट अटैक से पीड़ित मरीज की जान बचा ली। इस घटना के बाद क्षेत्र में अस्पताल की कार्यप्रणाली और डॉक्टरों की सराहना हो रही है।
अचानक बिगड़ी मरीज की हालत
जानकारी के अनुसार, निकटवर्ती गांव बरौली निवासी ओमप्रकाश (50) पुत्र जवाहर को अचानक सीने में तेज दर्द, घबराहट और बेचैनी महसूस होने लगी। हालत तेजी से बिगड़ती देख परिजन उन्हें तुरंत अतरौली के 100 बेड अस्पताल लेकर पहुंचे। अस्पताल पहुंचते समय मरीज की स्थिति बेहद गंभीर बनी हुई थी, जिससे परिजनों की चिंता और बढ़ गई थी।
गोल्डन आवर में मिला जीवनरक्षक इलाज
अस्पताल में मौजूद चिकित्सकों की टीम ने बिना देरी किए मरीज की ईसीजी और अन्य आवश्यक जांचें कीं। जांच में हार्ट अटैक की पुष्टि होते ही डॉक्टरों ने तेजी दिखाते हुए ‘गोल्डन आवर’ का लाभ उठाया। मरीज की जान बचाने के लिए करीब 40 हजार रुपये की कीमत का जीवनरक्षक इंजेक्शन तत्काल लगाया गया। डॉक्टरों के इस त्वरित निर्णय का असर कुछ ही समय में दिखा और मरीज की हालत में सुधार होने लगा।
डॉक्टरों की निगरानी में स्थिर हालत
चिकित्सकों ने बताया कि हार्ट अटैक के मामलों में शुरुआती एक से दो घंटे बेहद महत्वपूर्ण होते हैं। सही समय पर उचित उपचार मिलने से मरीज की जान बचाई जा सकती है। फिलहाल मरीज की स्थिति स्थिर है और उसे अस्पताल में डॉक्टरों की निगरानी में रखा गया है।
परिजनों ने जताया आभार
मरीज के परिजनों ने समय पर इलाज और डॉक्टरों की तत्परता के लिए अस्पताल स्टाफ का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि यदि थोड़ी भी देर हो जाती, तो स्थिति गंभीर हो सकती थी। इस घटना ने एक बार फिर साबित कर दिया कि समय पर चिकित्सा सुविधा और डॉक्टरों की सजगता कई जिंदगियां बचा सकती है।
#HeartAttack #GoldenHour #EmergencyCare #DoctorsSaveLives #HealthcareIndia #MedicalHero













