हिन्दुस्तान मिरर न्यूज़ ✑ गुरुवार 29 मई 2025
उत्तर प्रदेश में बर्ड फ्लू के खतरे को देखते हुए पिछले दो सप्ताह से बंद चल रहे चिड़ियाघरों और लॉयन सफारी को लेकर एक राहत भरी खबर सामने आई है। प्रदेश के प्रमुख चिड़ियाघरों में शामिल लखनऊ स्थित नवाब वाजिद अली शाह प्राणि उद्यान और इटावा का लॉयन सफारी आज यानी बृहस्पतिवार से आम जनता के लिए फिर से खोल दिए जाएंगे। हालांकि, गोरखपुर और कानपुर के चिड़ियाघर अब भी बंद रहेंगे और अग्रिम आदेशों तक दर्शकों के लिए प्रवेश वर्जित रहेगा।
दो सप्ताह बाद फिर से गुलजार होंगे लखनऊ और इटावा के चिड़ियाघर
प्रमुख मुख्य वन संरक्षक (वन्यजीव) अनुराधा वेमुरी ने जानकारी दी कि बर्ड फ्लू के खतरे को देखते हुए प्रदेश के कई चिड़ियाघर और लॉयन सफारी को बंद कर दिया गया था। अब लखनऊ चिड़ियाघर और इटावा लॉयन सफारी में किसी भी प्रकार का संक्रमण नहीं पाए जाने पर इन्हें खोलने का निर्णय लिया गया है।
लखनऊ चिड़ियाघर की निदेशक अदिति शर्मा ने बताया कि बंदी के दौरान सभी वन्य जीवों की सघन निगरानी और चिकित्सकीय जांच की गई। इस दौरान किसी भी जानवर में बर्ड फ्लू के लक्षण नहीं पाए गए, जिससे अब सामान्य संचालन की अनुमति मिल गई है।
क्यों अभी भी बंद हैं गोरखपुर और कानपुर के चिड़ियाघर?
गोरखपुर के शहीद अशफाक उल्ला खां प्राणि उद्यान और कानपुर प्राणि उद्यान में एवियन इन्फ्लूएंजा यानी बर्ड फ्लू के मामले सामने आए थे, जिसके चलते इन दोनों संस्थानों को अभी भी बंद रखने का फैसला लिया गया है। संक्रमण के खतरे को देखते हुए यहां अभी भी साफ-सफाई, दवा छिड़काव और निगरानी का विशेष अभियान जारी है।
एवियन इन्फ्लूएंजा, जिसे आम भाषा में बर्ड फ्लू कहा जाता है, एक संक्रामक बीमारी है जो पक्षियों को प्रभावित करती है। कुछ मामलों में यह संक्रमण इंसानों में भी फैल सकता है, इसलिए इसे लेकर सतर्कता बरती जाती है। चिड़ियाघरों में पक्षियों की बड़ी संख्या को देखते हुए, एहतियातन इन्हें अस्थायी रूप से बंद करना जरूरी समझा जाता है।
लखनऊ और इटावा के चिड़ियाघर आने वाले दर्शकों को अब भी कोविड और बर्ड फ्लू से जुड़ी सावधानियों का पालन करना होगा। इसमें मास्क पहनना, हाथों की सफाई, और जानवरों से दूरी बनाए रखना शामिल है।

















